अन्याय का विरोध किए बिना विकास का कोई मूल्य नहीं है ।

क्रांति न्यूज, ब्यूरो प्रमुख- कवि अनिरुद्ध कुमार सिंह :- गाजियावाद :- दिनांक-14/02/2020.आप के नेता व दिल्ली के पूर्व उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने विकासवाद को राष्ट्रवाद का नया परिभाषा बताये हैं। यह परिभाषा मनीष सिसोदिया के नजर में सही हो सकते हैं, परंतु देशभक्तों के नजरों में नहीं ।जो नेता देशद्रोहियों को निंदा करने के साहस नहीं कर सकते, वे नेता चाहे कितना भी विकास कर लें, परंतु वे देशद्रोही हीं कहे जा सकते हैं ।जो नेता पीड़ित शरणार्थियों के पक्ष में बोलने की हिम्मत नहीं जुटा पाये,वह नेता तो देश के जयचंद कहलाने लायक हैं । वैसे नेता को तो शर्म के मारे चुल्लू भर पानी में डुबकर मर ‌जाना चाहिए था, जो अपने मुंह से स्वयं को देशभक्त बनने के ढोंग रचते हैं । मैं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और आप नेता मनीष सिसोदिया से पूछना चाहता हूं कि आप गैर-मुसलमानों के लिए कौन-सा विकास के कार्य किए हैं ? आप पीड़ित शरनार्थियों के लिए दिल्ली में कौन_ सी विकास के कार्य करके दिखाएं हैं? आप सिर्फ एक हीं विकास के कार्य किए हैं जिसे पूरा संसार भी जान गये होंगे । केजरीवाल और मनीष सिसोदिया ने देशद्रोहियों के सम्पूर्ण विकास किए हैं, जिससे भारत के बाहर ‌ पाकिस्तान, बंगलादेश और अफगानिस्तान में रहने वाले ‌मुसलमानों में खुशी के ताली बज रहे हैं ।साथ हीं भारत के देशभक्त अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया पर देशद्रोह के आरोप लगा रहे हैं । सचमुच में ऐसे नेता दुश्मनों से भी ज्यादा देश के लिए खतरनाक साबित होते हैं । पता नहीं ऐसे नेता को प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र दामोदरदास मोदी जी ने क्यों वधाई दिए हैं? कांग्रेस पार्टी के नेता राहुल गांधी ने अरविंद केजरीवाल को वधाई देकर देशद्रोहियों के हाथ को मजबूत करने के काम किए हैं । दिल्ली की जिस जनता ने केजरीवाल को जिताने के काम किए हैं, उनसे मैं पूछना चाहता हूं कि अगर आप पीड़ित शरनार्थियों के जगह पर होते, तो क्या अरविंद केजरीवाल को वोट देते? मैं अरविन्द केजरीवाल और मनीष सिसोदिया से पूछना चाहता हूं कि अगर पाकिस्तान में आपके परिवार पड़ताड़ित किए गए होते, तो वे फ्री बिजली और पानी मिलने पर खुश हो जाते? जिस प्रकार से पड़ोसी देश में गैर-मुसलमानों के साथ अत्याचार किए गए, लेकिन उसके विरुद्ध आप के नेताओं ने एक शब्द भी नहीं बोले । ऐसी स्थिति में जिस हिंदूओं ने केजरीवाल और मनीष सिसोदिया को वोट देकर जिताने के काम किए हैं, वे देश के दुश्मनों से भी ज्यादा बेकार हैं । अगर देश की जनता सही और ग़लत की पहचान करना नहीं जानते हैं तो वह समय भी काफी दूर नहीं होगा,जब भारत एक देशद्रोहियों के देश बनकर रह जायेंगे । इसके बाद आपके के साथ भी वही हाल होंगे, जो हाल पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के साथ किए गए हैं । अतः दिल्ली के जनता बिजली और पानी के लालच में देशद्रोहियों के साथ नहीं दें वरना बाद में पछताने के सिवा कुछ भी प्राप्त नहीं होंगे । विपक्षी पार्टी के नेता समय आने पर देशद्रोहियों के चंगुल में फंसने के बाद रक्षा नहीं कर सकेंगे । इसलिए भारतीय जनता सावधान हो जाइए और एक बात ख्याल रखिए कि– शिकारी आयेगा,जाल बिछायेगा, लेकिन जनता लोभ में फंसना नहीं । आप बार-बार देशद्रोही अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया के फेंके गए जाल में जानकर भी क्यों फंस रहे हैं? अन्याय को विरोध किए बिना विकास का कोई मूल्य नहीं है।

Translate »
क्रान्ति न्यूज - भ्रष्टाचार के खिलाफ क्रांति की मशाल