धूमधाम से मनाई गई लौह पुरुष की जयंती

ब्यूरो रिपोर्ट- जनार्दन श्रीवास्तव

पाली-(हरदोई) जनपद की तहसील सवायजपुर के अंतर्गत पाली नगर स्थित सेठ बाबूराम भारतीय इण्टर कॉलेज में आजादी के बाद भारत के प्रथम गृहमंत्री तथा उपप्रधानमंत्री रहे लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की 145 वी जन्म जयंती राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में बड़ी धूमधाम से मनाई गयी। सर्वप्रथम प्रवक्ता राजेश प्रकाश मिश्रा ने लौह पुरुष पटेल जी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्प अर्पित करते हुए उनको नमन किया। तत्पश्चात विद्यालय स्टॉफ व उपस्थित बच्चों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया।सरदार वल्लभ भाई पटेल महात्मा गांधी के विचारों से प्रभावित होकर स्वतंत्रता संग्राम में कूद पड़े थे। भारत को आजादी दिलाने में पटेल जी ने अहम भूमिका निभाई। आपको बताते चलें कि वर्ष 2014 में केन्द्र की मोदी सरकार ने सरदार बल्लभ भाई पटेल की जन्म जयंती 31 अक्टूबर को देश भर में राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाना शुरू कर उनको सम्मानित किया।तब से पूरा देश प्रतिवर्ष 31 अक्टूबर को लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की जन्म जयंती बड़ी धूमधाम से मना रहा है। सरदार वल्लभ भाई पटेल की मृत्यु के 41 साल बाद 1991 में मरणोपरांत भारत का सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न दिया गया जो उन्हें बहुत पहले मिलना चाहिए था। इस मौके पर अध्यापक विजय कुमार यादव ने कहा कि सरदार पटेल के बताये रास्ते पर चलकर देश की एकता और अखंडता को कायम रखा जा सकता है।उन्होंने कहा कि सरदार बल्लभ भाई पटेल शांतिप्रिय थे। लेकिन देश की आजादी के लिए वह कठोर फैसले लेने से कभी नहीं चूके।प्रवक्ता राजेश प्रकाश मिश्रा ने पटेल के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज अखंड भारत है तो इसमें बड़ी भूमिका पटेल जी की है। उन्होंने साढ़े पांच सौ से ज्यादा रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर अखण्ड भारत की नींव को मजबूत कर अपने लौह व्यक्तिगत को सिद्ध किया। मिश्रा जी ने समस्त कालेज स्टॉफ व उपस्थित छात्र/छात्राओं को एकता व अखण्डता के प्रति समर्पित रहने का संकल्प दिलाया। उपस्थित सभी ने उनके बताये रास्ते पर चलने का संकल्प लिया। इस अवसर पर समस्त स्टॉफ मौजूद रहा।

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